13/07/09

बूझो तो जाने?? जबाब

नमस्कार आप सभी को जिन्होने हिस्सा लिया, ओर जिन्होने हिस्सा नही लिया, ओर उन सब का धन्यवाद जिन्होने टिपण्णी के रुप मे जबाब दिये...

इस पहेली का सही जबाब यह साबरमती आश्रम है,पुरी जानकारी के लिये आप यहां दबाये
आज की पहेली के विजेता इस प्रकार है....
पहले स्थान पर विजेता आये हमारे समीर लाल जी Udan Tashtari
दुसरे स्थान पर विजेता आये हमारे प्रवीण शर्मा जी
तीसरे स्थान पर विजेता आये हमारे प्रकाश गोविन्द जी
चोथे स्थान पर विजेता आयी हमारी seema gupta जी
पांचवे स्थान पर विजेता आये हमारे Pt.डी.के.शर्मा"वत्स" जी
छटे स्थान पर विजेता आये हमारे ताऊ रामपुरिया जी
सातवे स्थान पर विजेता आई हमारी प्यारी प्यारी सी मिस.. मिस. रामप्यारी सब की दुलारी
आठवे स्थान पर विजेता आई हमारी अल्पना वर्मा जी
नोवे स्थान पर विजेता आये रंजन जी
दसंवे स्थान पर विजेता आई mehek जी
गाहरवे स्थान पर विजेताआये हमारे मोहन जी
आप सभी को बहुत बहुत बधाई.
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चलिये अब बात करते है जिन्होने कोशिश कि लेकिन हिंट समझ नही सके, ओर सही जबाब तक नही पहुच सके, या फ़िर समय की कमी के कारण जबाब ना दे सके, लेकिन कोई बात नही अगली पहेली मै जरुर जीते गे...
सब से पहले आये हमारे रविकांत पाण्डेय जी, आते ही घबरा गये शायद,
फ़िर आये हमारे अनुराग जी Smart Indian - स्मार्ट इंडियन अजी यह तो बापू के बारे मै है, फ़िर मुस्किल केसे हुयी.
ओर फ़िर आये हमारे वाणी गीत जी लेकिन बिना लाईन के केसा रेलवे स्टेशन जी?
फ़िर आये हमारे प्रकाश गोविन्द अरे बाबा जितनी देर आप ने यह मंत्र पढे, उतनी देर मै तो आप जबाब ढुढ लेते..
फ़िर आई seema gupta जी अजी यह कोई केंप नही जी, लेकिन लगता है वेसा ही.ओर यह हिंट भी तेयार है जी.
फ़िर आये हमारे विवेक सिंह जी अरे बाबा रिजर्वेशन करवा कर टिकट ले कर बेठो गे कोन सी गाडी मै? लाईन तो अभी बिछई ही नही,
फ़िर आई हमारी Nirmla Kapila जी, बात तो आप की ठीक है जिन्दगी की पहेली बहुत मुशकिल है, लेकिन जब जीना है तो हंस कर इसे जियो, जितनी सुलझे सुलझॊ, बाकी ""फ़िक्र नोट् बी हेप्पी"" बस यह तो सब के साथ है जी.
फ़िर आये हमारे P.N. Subramanian जी, सेवाग्राम, वर्धा से मिलता जुलता है.चलिये जनाब मान लेते है.
फ़िर आई हमारी अल्पना वर्मा जी अरे बाबा सच मै यही लगता है कि यह कोई army ka koi cantt area hai..army walon ka mandir bhi ho sakta hai.. लेकिन है नही जी.yah building army ke cantt area mein hai लेकिन कहां, बापू ने तो कोई आर्मी रखी ही नही थी??
फ़िर आये हमारे डॉ. मनोज मिश्र जी, यह तो सेवाश्रम है . लेकिन कोन सा ??
फ़िर आये हमारे Pt.डी.के.शर्मा"वत्स" जी ओर गलती से इन का यह जबाब प्रकाशित हो गया, फ़िर तो मोजा ही मोजा,आप ने सही इशारा किया. धन्यवाद
फ़िर आये हमारे काजल कुमार Kajal Kumar जी आप ने पहचान तो सही लिया लेकिन सही नाम नही लिख पाये.
फ़िर आये हमारेमीत जी अरे नही बाबा यह कैंट एरिया ही.... मिलटरी वालो से मरवाओ गे आप तो....:)
फ़िर आये ताऊ रामपुरिया जी अरे ताऊ जी बस पहुचने ही बाले है आप वर्धा महाराश्ट्र में
फ़िर आये हमारे कुश जी चलिये झगडा ही खत्म
फ़िर आये हमारे दिगम्बर नासवा जी लेकिन कोन सा गांधीधाम
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आप सभी का धन्यवाद, यह एक पहेली हम सब के लिये मनोरंजन ओर नयी नयी जानकारियो का माध्यम है, ओ इस मे हम सब बराबर है, इस से किसी को कोई शिकायत हो तो जरुर लिखे, ओर इस का समय मेने सभी को धयान मै रख कर रखा है फ़िर भी अगर आप लोगो को यह समय सही नही लगता तो , आप की राय सर माथे, जिस समय के लिये ज्यादा लोग कहे गे वोही समय रखा जायेगा
फ़िर से आप सब का धन्यवाद अगली पहेली अगले सोम वार को, तब तक राम राम जी की

17 comments:

  1. हमारे गलत उत्तर को मान्यता न दें. जो गलत है सो गलत है. आपके दरयादिली के लिए आभार.

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  2. विजेताओं को बधाई .
    पंडित शर्मा जी आप को ख़ास धनयवाद क्योंकि
    आप के हिंट ने मदद की ....मगर प्रकाश गोविन्द जी की [??]दुआ से हमारा नेट डाउन था .. देर में जवाब लिख पाई.
    अब पता नहीं भारत से यहाँ तक कैसे उनकी ??[दुआ]ने हमारे सर्वर पर असर किया..

    यह सबसे बड़ी ख़ुशी की बात है की कुछ लोगों की '??दुआएं' [नेट डाउन करने वाली]भारत से टोरंटो नहीं पहुँच पायीं!

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  3. एन्टी वायरस लगवा रखें हैं उड़न तश्तरी के चारों तरफ..ये ऐसी दुआओं को वायरस ही मानता है... :)

    सभी को बधाई!!

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  4. आज मैं भी आया था पर जैसे ही देखा तभी मेट्रो में दोबारा एक्सीडेंट की खबर आगई और फिर मुझे भागना पड़ा।

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  5. आपकी पहेली उम्दा थी ,धन्यवाद.

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  6. बहुत सुंदर आयोजन रहा जी.बधाई सभी विजेता और नान्विजेताओं को.

    रामराम.

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  7. बधाई सभी को.. और आभार आपका..

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  8. सभी विजेताओं/अविजेताओं को बधाई......
    अल्पना जी, कल जैसे ही हमने अपनी टिप्पणी दी तभी लगभग 5 मिनट बाद यहाँ भी नैट डाऊन हो गया, जो कि कल सारा दिन डाऊन ही रहा और आज सुबह जाकर ठीक हुआ।
    लेकिन शुक्र है कि उससे पहले हम अपना जवाब दे चुके थे।
    चलिए इससे ये तो साबित हुआ कि वाकई दुआओं/बद्दुआओं में असर होता है:)

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  9. हा !हा !हा!
    दुआ वाली बात पर ..मैं तो तो यूँ ही चुटकी ले रही थी..प्रकाश जी की प्रतिक्रिया जानना चाह रही थी...उन्होंने अपने विरोधियों के लिए कहा था..हम उनके विरोधी थोड़े ही न हैं..
    @वैसे पंडित शर्मा जी मेरा दुआओं में अटूट विश्वास है..विज्ञान की बात न करें तो-----मेरे अपने कई अनुभव रहे हैं की ...किसी की दुआ या दिल से दी शुभकामनाये..ऐसे वक़्त आप की मदद करती हैं जब सारे रास्ते बंद नज़र आते हैं .
    मेरा मानना है -जो दिल से निकले होते है उन शब्दों में बहुत शक्ति होती है ,चाहे वे दुआ हों या बद्द्दुआ.
    इस लिए जितनी ज्यादा हो सके दुआएं इकट्ठा करनी चाहिये.

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  10. सभी प्रतिभागियों को बधाई !
    समीर जी मैने तो सोचा था कि इस बार अड़ंगी मार दी ...
    चलिए भाई मुबारक हो (ये भी सच्ची वाली है)
    कल हमारा है ... यक़ीनन
    बस मैदान ना छोड़िएगा !

    अरे काहे का विरोध और काहे के विरोधी ?
    ये तो वो विरोधी हैं जिनके बगैर कोई आनंद नहीं !
    यही हमारी ऊर्जा हैं ...यही हमारा संबल हैं
    यही हमारा दर्द हैं ... यही हमारी दवा हैं
    ऐसे विरोधी साथ हों तो जीने का मज़ा कई गुना बढ़ जाता है !

    ये हैं तो हम हैं !


    (वैसे मेरा मंत्र जुमे के रोज ज़्यादा असर करता है ... और प्रयोग किया गया सोमवार को)

    प्रिय राज जी
    ब्लाग पहेली के इतिहास में यह पहली पहेली थी जिसके
    लिए मुझे गूगल से किसी तरह के मदद की दरकार नहीं थी
    बस देखा और सीधे-सीधे उत्तर लिख दिया .... यानी बा-मुश्किल 30-35 सैकेंड लगे होंगे ... तब भी मैं तीसरे नंबर पर आया ! इसलिए मेहरबानी करके अब समय का चक्कर छोड़ ही दें !

    मेरा तो बस एक मासूम सा सवाल है कि 2-3 बजे रात को सोने के पश्चात सवेरे 5-6 बजे उठा कैसे जाए ? यह बताएँ !

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  11. सभी विजेताओं को बधाई...अगली बार पहले नंबर पर आने का वादा...........

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  12. प्रकाश गोविंद जी, मेने अपनी सारी पोस्ट अटोमेटिक सेट कर दी है, जब समय मिलता है तो तेयार कर देता हुं, ओर फ़िर दिन महीने ओर समय के हिसाब से अपने आप पोस्ट हो जाती है, रात को २ बजे सो कर सुबह ७ बजे काम पर केसे जायेगे ? वेसे आज कल हमारे यहां रात १० बजे तक रोशनी रहती है, ओर सर्दियो मे शाम ४ बजे तक,

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  13. प्रिय राज जी आप परेशान ना हों .... आपको जैसी सहूलियत हो वैसे ही चलने दें !

    मेरे सामने समस्या है कि लाख चाहकर भी रात दो बजे के पहले नही सो सकता !

    कल एक दिलचस्प ख्याल मन में आया था :

    ब्लाग जगत में घूमते-घूमते कभी-कभी ऐसी पोस्ट पर पहुँच जाता हूँ जहाँ रचना के नाम पर ऐसी ग़ूढ रहस्यात्मक कविता के दर्शन हो जाते हैं कि उन्हे पढ़कर भी पहेली जैसा ही आनंद आता है ! दसियों बार पढ़ने के बावजूद भी दिमाग़ समझने से हड़ताल किए रहता है ! अल्लाह जाने कवि क्या कहना चाहता है ..... खोपड़ी खुजलाते हुए बगैर प्रतिक्रिया दिए प्रस्थान करना पड़ता है !

    क्यों ना पाठकों के हिट की खातिर पहेली के रूप में ऐसी रचनाओं को शामिल किया जाए .... :)

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  14. नोट : कृपया हिट को हित पढ़ा जाए !

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  15. oh hum to wanchit rah gaye pata hi nahi tha!! warnaa asafal me to naam aataa !! khair ab to agli paheli ka intjaar krnaa padegaa !! abki baar to sameer lalji aur sabhi vijetaaon ko badhaai!!

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  16. This comment has been removed by the author.

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नमस्कार, आप सब का स्वागत है। एक सूचना आप सब के लिये जिस पोस्ट पर आप टिपण्णी दे रहे हैं, अगर यह पोस्ट चार दिन से ज्यादा पुरानी है तो मॉडरेशन चालू हे, और इसे जल्द ही प्रकाशित किया जायेगा। नयी पोस्ट पर कोई मॉडरेशन नही है। आप का धन्यवाद, टिपण्णी देने के लिये****हुरा हुरा.... आज कल माडरेशन नही हे******

मुझे शिकायत है !!!

मुझे शिकायत है !!!
उन्होंने ईश्वर से डरना छोड़ दिया है , जो भ्रूण हत्या के दोषी हैं। जिन्हें कन्या नहीं चाहिए, उन्हें बहू भी मत दीजिये।